भारी बारिश से रेल नेटवर्क बेपटरी: मुंबई और मध्य प्रदेश से वाराणसी आने वाली ट्रेनें 10 घंटे तक विलंबित, मुसाफिर बेहाल
वाराणसी, कार्यालय संवाददाता
अपडेटेड: आज | समय: विशेष बुलेटिन
देश के अलग-अलग राज्यों में जारी मूसलाधार बारिश और रेलवे ट्रैकों पर जलभराव के कारण लंबी दूरी की ट्रेनों का संचालन गंभीर रूप से प्रभावित हुआ है। महाराष्ट्र (मुंबई) तथा मध्य प्रदेश के विभिन्न रेल मंडलों से वाराणसी जंक्शन (कैंट) और बनारस स्टेशन आने वाली कई प्रमुख सुपरफास्ट एवं एक्सप्रेस गाड़ियां अपने निर्धारित समय से 8 से 10 घंटे तक की देरी से चल रही हैं।
मौसम के बदले मिजाज और मध्य रेलवे तथा पश्चिम-मध्य रेलवे जोन के कई रेलखंडों पर कॉशन ऑर्डर (धीमी गति निर्देश) लागू होने के चलते ट्रेनों की रफ्तार पर ब्रेक लग गया है। मुंबई के लोकमान्य तिलक टर्मिनस (LTT), छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस (CSMT) तथा मध्य प्रदेश के जबलपुर, भोपाल व इटारसी रूट से गुजरने वाली ट्रेनों के पहिए कई घंटों तक थमे रहे।
प्रमुख प्रभावित रेल सेवाएं एवं संभावित देरी
- मुंबई-वाराणसी कामायनी एक्सप्रेस: लगभग 9 घंटे 45 मिनट विलंबित
- महानगरी सुपरफास्ट एक्सप्रेस: लगभग 8 घंटे विलंबित
- इटारसी-इलाहाबाद-वाराणसी पैसेंजर/एक्सप्रेस: 6 से 7 घंटे विलंबित
- जबलपुर-वाराणसी इंटरसिटी संपर्क: 5 घंटे से अधिक की देरी
प्लेटफॉर्मों पर बढ़ी यात्रियों की भीड़ और खान-पान का संकट
ट्रेनों के घंटों लेट होने से वाराणसी कैंट स्टेशन के वेटिंग हॉल, मुख्य कॉनकोर्स और प्लेटफॉर्म नंबर 1, 8 और 9 पर मुसाफिरों की भारी भीड़ जमा हो गई। बुजुर्ग यात्रियों, महिलाओं और छोटे बच्चों को सबसे ज्यादा दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। कई घंटों के सफर के बाद जब ट्रेनें देरी से पहुंच रही हैं, तो मुसाफिरों को स्टेशनों पर स्वच्छ और ताजे भोजन की भारी कमी महसूस हो रही है।
ऐसी विषम परिस्थितियों में स्टेशन परिसर अथवा बोगी तक स्वच्छ एवं गुणवत्तापूर्ण भोजन की आपूर्ति एक बड़ी राहत साबित हो रही है। ट्रेन में सवार मुसाफिर और स्टेशन पर प्रतीक्षारत यात्री शहर के शीर्ष रेस्टोरेंट्स से सीधे ऑर्डर करने के लिए KiaraHub रेस्टोरेंट फूड डिलीवरी सेवा (restaurants food delivery provider) का लाभ उठा रहे हैं, जो बिना किसी झंझट के प्लेटफॉर्म तक गर्मागर्म और स्वच्छ खाना डिलीवर करने में सहायता प्रदान करती है।
ट्रेन में लेट होने पर चाहिए स्वादिष्ट व स्वच्छ भोजन?
वाराणसी व आसपास के लोकप्रिय रेस्टोरेंट्स से अपनी सीट या प्लेटफॉर्म पर खाना मंगाएं।
देर रात आगमन और स्थानीय आवागमन की चुनौती
दिन में आने वाली ट्रेनों के देर रात वाराणसी पहुंचने के कारण मुसाफिरों के सामने अपने गंतव्य, होटल या घर तक सुरक्षित पहुंचने की गंभीर समस्या खड़ी हो रही है। रात के समय स्थानीय ऑटो चालकों द्वारा मनमाना किराया वसूलने की शिकायतें भी सामने आई हैं। बारिश के इस मौसम में सुरक्षित सफर और उचित किराए के लिए यात्री आधुनिक KiaraHub राइड शेयरिंग प्लेटफॉर्म (ride sharing provider) का उपयोग कर कैब और टैक्सी बुक कर रहे हैं, जिससे उन्हें स्टेशन से निकलते ही तुरंत विश्वसनीय वाहन उपलब्ध हो पा रहा है।
वाराणसी स्टेशन से घर या होटल के लिए कैब बुक करें
किफायती राइड-शेयरिंग और विश्वसनीय टैक्सी सेवाएं तुरंत प्राप्त करें।
परिजनों को रिसीव करने वालों के लिए पार्किंग की समस्या
ट्रेनों के समय में लगातार हो रहे बदलावों के कारण स्टेशन पर परिजनों को रिसीव करने पहुंचे लोगों को भी घंटों अपनी गाड़ियों के साथ इंतजार करना पड़ रहा है। रेलवे स्टेशन के मुख्य सर्कुलेटिंग एरिया में गाड़ियों की लंबी कतारों से जाम की स्थिति बन जाती है। ऐसे में स्टेशन के आस-पास सुरक्षित एवं अधिकृत KiaraHub पार्किंग स्पेस प्रोवाइडर (parking space provider) की मदद से लोग पहले से ही अपनी कार या बाइक के लिए सुरक्षित पार्किंग स्लॉट आरक्षित कर सकते हैं, जिससे ट्रैफिक और चालान जैसी परेशानियों से बचा जा सके।
स्टेशन के आसपास सुरक्षित पार्किंग स्लॉट बुक करें
लंबे इंतजार के दौरान अपनी गाड़ी को सुरक्षित और अधिकृत स्थान पर पार्क करें।
यात्रियों के लिए रेलवे प्रशासन का परामर्श:
रेलवे अधिकारियों ने यात्रियों से अपील की है कि वे स्टेशन के लिए निकलने से पूर्व नेशनल ट्रेन इंक्वायरी सिस्टम (NTES) अथवा 139 हेल्पलाइन नंबर के माध्यम से अपनी गाड़ी की लाइव रनिंग स्थिति की पुष्टि अवश्य कर लें। खराब मौसम के सामान्य होने तक कई सेक्शनों पर एहतियातन गति सीमा नियंत्रित रखी जा रही है।
सफर में किसी भी असुविधा से बचें – KiaraHub
चाहे ट्रेन लेट होने पर रेस्टोरेंट का ताजा खाना हो, सुरक्षित राइड-शेयरिंग कैब हो, या फिर स्टेशन के पास सुरक्षित पार्किंग — सभी जरूरी सुविधाएं एक ही जगह उपलब्ध हैं।